17 अगस्त 2026:नाग पंचमी, श्रावण सोमवार और कालसर्प दोष निवारण
हिंदू पंचांग में कुछ दिन ऐसे होते हैं जहाँ कई पवित्र तिथियाँ, वार और वैदिक संयोग एक साथ मिलकर एक
हिंदू पंचांग में कुछ दिन ऐसे होते हैं जहाँ कई पवित्र तिथियाँ, वार और वैदिक संयोग एक साथ मिलकर एक
वैदिक ज्योतिष में शुक्र ग्रह को प्रेम, सौंदर्य, भौतिक सुख, विवाह, कला, विलासिता, धन और आकर्षण का कारक माना जाता
हिंदू धर्म में श्रावण मास को भगवान शिव का सर्वाधिक प्रिय महीना माना गया है। वर्ष 2026 में श्रावण महीने
हिंदू पंचांग में आषाढ़ मास की पूर्णिमा को गुरु पूर्णिमा कहा जाता है। यह दिन केवल एक तिथि नहीं, बल्कि
वैदिक ज्योतिष में नक्षत्र गोचर एक अत्यंत महत्वपूर्ण घटना मानी जाती है। जब धर्म, न्याय और कर्म के देवता शनिदेव
हिंदू पंचांग में पूर्णिमा का दिन हमेशा से ही अत्यंत पवित्र और फलदायी माना गया है। जब पूर्णिमा का दिन
27 जून 2026 शनि प्रदोष व्रत भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने का एक अत्यंत शुभ अवसर है। जब इस
हिंदू पंचांग में अधिक मास अर्थात् पुरुषोत्तम मास को अत्यंत शुभ, दुर्लभ और फलदायी माना गया है। यह मास प्रत्येक
भारतीय ज्योतिष शास्त्र में शनि प्रदोष व्रत भगवान शिव और शनि देव की आराधना के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता